हरिद्वार: उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष एवं प्रवक्ता धीरेंद्र प्रताप ने आज देहरादून से हरिद्वार पहुंचकर पवित्र हर की पैड़ी पर दिवंगत अंकिता भंडारी की स्मृति में दीपदान किया। उत्तराखंड बंद के सफल आयोजन का जायजा लेते हुए उन्होंने जनता से मिले अपार समर्थन के लिए हृदय से आभार व्यक्त किया। धीरेंद्र प्रताप ने कहा, “हमने संकल्प लिया था कि अंकिता भंडारी हत्याकांड में वीआईपी संस्कृति को चुनौती देते हुए सीबीआई जांच के सरकारी आदेश तक चैन से नहीं बैठेंगे।
जनता के दबाव में सरकार को यह कदम उठाना पड़ा, लेकिन अब बची हुई लड़ाई सुप्रीम कोर्ट के जज की निगरानी में जांच सुनिश्चित करने की है।” उन्होंने बताया कि कल रात दिल्ली में पूर्व मुख्यमंत्री एवं हरिद्वार सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत, गढ़वाल सांसद अनिल बलूनी तथा अल्मोड़ा सांसद व केंद्रीय मंत्री अजय टम्टा से मुलाकात की गई। तीनों ने इस गंभीर मामले में न्यायपूर्ण समाधान का भरोसा दिलाया। आंदोलन को नई गति देने के लिए चिन्हित राज्य आंदोलनकारी संयुक्त समिति ने भारत के मानव अधिकार आयोग और राष्ट्रीय महिला आयोग से समय मांगा है।
कल दिल्ली में दोनों आयोगों का दरवाजा खटखटाया जाएगा। धीरेंद्र प्रताप ने स्पष्ट कहा, “अंकिता भंडारी कांड के दोषियों को सजा मिले बिना यह लड़ाई थमेगी नहीं।” हर की पैड़ी पर आयोजित दीपदान में धीरेंद्र प्रताप के साथ समिति की केंद्रीय संरक्षक कमला पांडे, आशा बिष्ट, विमला कोटियाल, सचिव एवं प्रवक्ता विजय भंडारी तथा हरिद्वार नगर इकाई के अध्यक्ष सुरेंद्र सैनी ने भी भाग लिया। मां गंगा के साक्ष्य में सभी ने अस्मिता की रक्षा की लड़ाई जीतने का संकल्प दोहराया। यह आयोजन न केवल अंकिता की याद में श्रद्धांजलि था, बल्कि उत्तराखंड की बेटियों की सुरक्षा के लिए जारी संघर्ष का प्रतीक बन गया।