हरिद्वार। कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर मनरेगा योजना को कमजोर करने की साजिश का आरोप लगाकर मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत सत्याग्रह का ऐलान कर दिया है। उनका कहना है कि यह योजना गरीब, मजदूर और वंचित वर्ग के लिए जीवनरेखा रही है, जिसे मौजूदा सरकार धीरे-धीरे खत्म करना चाहती है। सोमवार को प्रेसवार्ता में कांग्रेस महानगर अध्यक्ष अमन गर्ग ने कहा कि मनरेगा अधिकार आधारित योजना है, लेकिन भाजपा सरकार इसे नाम बदलने के साथ नियमों में बदलाव के जरिए कमजोर कर रही है। उन्होंने कहा कि पहले से ही आर्थिक मंदी से जूझ रही राज्य सरकारों पर अतिरिक्त बोझ डाला जा रहा है।
गर्ग ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस सड़क से सदन तक सत्याग्रह करेगी। मनरेगा को बंद होने नहीं दिया जाएगा। इस अवसर पर पूर्व पार्षद कैलाश भट्ट, अंजू द्विवेदी, रचना शर्मा, ममता सिंह, मयंक त्यागी, अनिल भास्कर, रोहित नेगी, आरिफ सहित कई कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे। महापुरुषों के नाम से जुड़ी योजनाओं पर हमला: कांग्रेस कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर और युवा नेता वरुण बालियान ने कहा कि भाजपा सरकार महात्मा गांधी और जवाहरलाल नेहरू से जुड़ी योजनाओं को समाप्त करना चाहती है।
उन्होंने आरोप लगाया कि एक ओर भाजपा नेता विदेश जाकर महात्मा गांधी का गुणगान करते हैं, दूसरी ओर उनके नाम से जुड़ी जनयोजनाओं को कमजोर किया जा रहा है। महिला कांग्रेस ने भी जताया विरोध महिला कांग्रेस की शहर अध्यक्ष लता जोशी और जिलाध्यक्ष अंजू मिश्रा ने कहा कि महापुरुषों को अपमानित करने की मंशा से जनता की योजनाओं के नाम बदले जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस गरीबों, मजदूरों, किसानों और वंचितों के साथ खड़ी है और मनरेगा को खत्म नहीं होने दिया जाएगा। इन मांगों को लेकर होगा आंदोलन काम की गारंटी, मजदूरी की गारंटी और जवाबदेही की गारंटी मनरेगा में किए गए सभी बदलावों की तत्काल वापसी काम के संवैधानिक अधिकार की पूर्ण बहाली न्यूनतम मजदूरी 400 रुपये प्रतिदिन तय की जाए